आजकल के समय में हर कोई वजन कम करके अच्छी फिगर चाहता है, लेकिन यह हर कोई नहीं जानता की वजन कम करना सिर्फ डायट और एक्सरसाइ का खेल नहीं है। बल्कि हमारे शरीर में कई हॉर्मोन जैसे की —जैसे इंसुलिन, थायरॉइड हार्मोन, कोर्टिसोल, लेप्टिन और घरेलिन सीधे हमारे मेटाबॉलिज्म और फैट बर्निंग को कंट्रोल करते हैं। इसलिए अगर हॉर्मोन बैलेंस नहीं होंगे तो वजन कम नहीं होगा।
चाहे आप जितनी मर्जी मेहनत कर लो अगर आपके Hormone बैलेंस नहीं है वजन कम करने में आपको बहुत ज्यादा मेहनत करनी पड़ेगी. तो इससे अच्छा है की सबसे पहले आप अपने हॉर्मोन बैलेंस करें।
इसी वजह से आज हम जानेंगे Hormone Weight Loss Tips जो कि हर कोई आजकल खोज रहा है।
1. Hormone बैलेंस क्यों जरूरी है
हॉर्मोन हमारे शरीर का बहुत अहम हिस्सा है। यह हमारे शरीर के मैसएंगेर सिस्टम की तरह कम करता है। हमारे शरीर की कई क्रियाएं हॉर्मोन के ऊपर निर्भर करती है। जैसे की मेटाबॉलिज्म, भूख, नींद, मूड फेट स्टोरेज, एनर्जी स्तर इत्यादि
अगर इनमें से एक भी हॉर्मोन असंतुलित हो जाए जैसे की इंसुलिन बढ़ जाए या थाइरॉएड कम हो जाए या कोर्टिसोल ज्यादा हो जाए तो वजन बढ़ना शुरू हो जाता है।
इसलिए वेट लॉस का पहला स्टेप होता है हॉर्मोन बैलेंस करना। अगर हॉर्मोन बैलेंस नहीं है तो पहले उसे रिकवर करना चाहिए
2. थायरॉइड और वजन – Hypothyroidism कैसे रोकता है फैट लॉस?
आजकल थाइरॉएड बहुत ज्यादा प्रासिद्ध हो गया है। थायरॉइड हमारे शरीर का मेटाबॉलिज्म कंट्रोल सेंटर है जब थायरॉइड हार्मोन (T3 और T4) कम बनते हैं। इसे Hypothyroidism कहते हैं।
- इससे मेटाबॉलिज्म धीमा हो जता है।
- थकान और कमजोरी बढ़ने लगती है।
- Water रिटेंशन बढ़ता है।
- वजन भी जल्दी बढ़ने लगता है।
- शरीर में कम कैलोरी बर्न होती है।
ऐसा ज्यादातर महिलाओं में देखने को मिलता है। मैं एक आपको लाइव एक्साम्पल बता देता हूं। मेरे पास एक महिला वजन घटाने की सप्लीमेंट लेने आती थी। वह बहुत से फैट बर्निंग सप्लीमेंट इस्तेमाल कर रही थी लेकिन उसका वजन कम नहीं हो रहा था तो मैने उस थायरॉइड हार्मोन चेक टेस्ट करवाने को कहा। आखिर में वही हुआ जिसका हमें डर था। उस लेडी का थायरॉइड हार्मोन इम्बैलेंस था। यानी की उसे थायरॉइडथा जिस वजह से उसका वजन कम नहीं हो रहा था।
थायरॉइड से वज़न कम कैसे करें
अभी थायरॉइड में बहुत से लोगों को लगता है कि वजन कम नहीं कर सकते लेकिन ऐसा नहीं है। आप थायरॉइड में भी वजन कम कर सकते हैं लेकिन कुछ तरीके हैं जैसे की
1. आयोडीन और सेलेनियम रिच फूड्स खाएं
थायरॉइड को सही रखने के लिए यह दोनों चीजे बहुत महत्वपूर्ण है। आजकल लोग White Salt को छोड़कर पिंक हिमालयन साल्ट खाने लगते हैं जिस वजह से बॉडी में आयोडीन की कमी होने लगती है। तो ऐसा नहीं करना चाहिए आपको समुद्री नमक यानी की व्हाइट साल्ट जरुर खाना चाहिए
सेलेनियम के लिए अंडे, दही, अखरोट, मछली, मल्टीविटामिन खा सकते हैं।
2.ग्लूटेन और प्रोसेसइड फूड कम करें।
ग्लूटेन की एलर्जी भी बहुत लोगों में देखने को मिलती है। यह भी सीधा सीधा आपके थाइरॉएड हॉर्मोन पर असर डालता है तो जितना हो सके ग्लूटेन फ्री चीजे खाने की कोशिश करें। और प्रोसेस्ड फूड यानी की बाहर का तला भुना खाना भी बंद करना पड़ेगा।
3.स्ट्रेंथ ट्रेंनिंग करें।
बहुत से लोग हैं जो वजन घटाने के लिए सिर्फ सैर या रनिंग पे निर्भर होते हैं, लेकिन ऐसा नहीं करना चाहिए। आपको मसल मॉस भी बढ़ाना पड़ेगा। इसके लिए आप जिम जा सकते हैं या फिर घर में स्टरेंगथ ट्रेंनिंग कर सकते हैं। थाइरॉएड वालों के लिए यह काफी जरूरी है।
4.हर तीन से 4 घंटे में प्रोटीन ले
अगर आप स्टरेंगथ ट्रेंनिंग कर रहे हैं तो आपको प्रोटीन लेना भी उतना ही जरूरी हो जता है। इससे बॉडी में एनर्जी मेटाबॉलिज़्मबेहतर होता है। प्रोटीन के लिए आप पनीर, अंडे, चिकन, व्हेय प्रोटीन ले सकते हैं।
5.चीनी और मैदा कम करें।
मैदा भी इन्सुलिन को स्पाइक करता है और चीनी का भी वही काम है तो थायरॉइड की समस्या में इन्हें कम करना पड़ेगा।
6 .नींद पूरी ले
आजकल थायरॉइड की समस्या नींद पूरी ना होने की वजह से हो रही है जो लोग स्ट्रेस वाला काम करते हैं। 12-12 घंटे की ड्यूटी दे रहे हैं फिर घरआकर भी काम कर रहे हैं। उनमे थायरॉइड के समस्या बढ़ रही है तो इसलिए 6 से 8 घंटे की नीदं बहुत जरूरी हो जाती है।
3. कोर्टिसोल- Stress Hormone जो पेट की चर्बी बढ़ाता है।
कोर्टिसोल (Cortisol) को स्ट्रेस हॉर्मोन कहा जता है। यह भी शरीर के लिए बहुत जरूरी है। स्ट्रेस बढ़ता है तो कोर्टिसोल भी बढ़ जाता है। इससे
- भूख बढ़ जाती है। कई बार आपने फिल्मों में भी देखा होगा की स्ट्रेस में लड़कियां ज्यादा मीठा खाती हैं।
- मिठे की craving बढ़ जाती है।
- स्ट्रेस की वजह से नींद अच्छी नहीं आती।
- बॉडी की फैट बर्निंग प्रक्रिया प्रभावित हो जाती है।
- पेट पर चर्बी बढ़ने लगती है।
इसलिए कोर्टिसोल को कंट्रोल करना भी जरूरी है।
कोर्टिसोल को कंट्रोल करने के लिए आप!
- 10 से 15 मिनट का डीप ब्रीथिंग एक्सरसाइ कर सकते हैं। यह कोर्टिसोल (Cortisol) को कम कर देता है या फिर आप योगा भी कर सकते हैं।
- रोज 30 मिनट की वॉक कर सकते हैं। Low-intensity activity स्ट्रेस हरमोन को कम करने में मदद करती है।
- आप अपने फ्रेंड्स के साथ गेट टुगेदर कर सकते हैं। हफ्ते में एक बर यारों दोस्तों के साथ मिलने से भी स्ट्रेस कम हो जाता है।
- रात को 1 घंटा पहले स्क्रीन बंद कर दे, ब्लू लाइट भी कोर्टिसोलको बढ़ाती है। इसलिए मिलैटोनिन घटता है जिससे रात को अच्छी नींद नहीं आती।
- अश्वगांधा और तुलसी का सहारा ले सकते हैं जो की कोर्टिसोल को कम करती है। यह अच्छे Adaptogens हैं, लेकिन डॉक्टर की सलाह जरुर ले।
- मैग्निशियम रिच फूड खा सकते हैं जैसे की पम्पकिन सीड्स, बादाम इत्यादि
4. Insulin – Sugar Hormone और Belly Fat का असली कारण
जब हम ज्यादा चीनी, मैदा या जंक फूड खाते हैं तो हमारा इन्सुलिन बढ़ जाता है।
इंसुलिन ज्यादा मतलब के ज्यादा ज्यादा फैट स्टोरेज। जब आपकी बॉडी कम इंसुलिन होगा तो फैट बर्निंग होती है। इंसुलिन बैलेंस करने के भी आप
- इंटरमीडिएट फास्टिंग कर सकते हैं।
- व्हाइट शुगर को बंद कर सकते हैं या फिर घटा सकते हैं।
- रात को हेवी खाना अवॉइड कर सकते हैं।
- खाने के बाद 10 मिनट की वॉक जरुर करनी चाहिए
- खाने में ज्यादा से ज्यादा प्रोटीन और हाई फाइबर होना चाहिए।
5. महिलाओं में Estrogen और Progesterone का रोल।
30 की उम्र के बाद इन दोनों हॉर्मोन का असंतुलन बढ़ने लगता है। Low Progesterone और High Estrogen से बॉडी में चर्बी जल्दी से बढ़ने लगती है और वजन भी बढ़ने लगता है। तो इसे बैलेंस करने के लिए आप
- अलसी के बीज खा सकते हैं, अपनी डायट में एड कर सकते हैं।
- स्लीप साइकिल को रेगुलर कर सकते हैं।
- डायट में caffeine को कम कर सकते हैं।
- डायट में प्रोटीन और फाइबर को ज्यादा ले और रेगुलर एक्सरसाइ करें।
6. हार्मोनल वेट लॉस टिप्स | Hormonal Weight Loss Tips
- सुबह गुनगुने पानी में निंबू डालकर पिए।
- 20 से 25 ग्राम प्रोटीन हर meal में ले, इतना नहीं ले सकते तो कम से कम दो meal में तो जरुर ले
- 30 से 40 मिनट या फिर दिन में 5000 कदम जरुर चलें और हो सके तो स्टरेंगथ ट्रेंनिंग भी करें।
- 24 घंटे से में से 7 घंटे की नींद जरुर ले।
- स्ट्रेस मैनेजमेंट के लिए Herbal Tea और अश्वगांधा का सहारा ले सकते हैं।
- चीनी मैदा और पैक्ड फूड कम करें।
- मैग्निशियम और सेलेनियम रिच फूड जरुर खायें।
बस यह तरीके अपनाने से आपका हॉर्मोन अच्छे से बैलेंस हो सकता है। बस आपको दो से 3 महीने यह चीजे करनी है।
निष्कर्ष | Conclusion
वजन सिर्फ डायट या एक्सरसाइ से नहीं घटता एक, यह एक हॉर्मोन गेम भी है. अगर आपकी उम्र 30 से ज्यादा है या अगर आपको थायरॉइड, इंसुलिन, लेप्टिन या कोर्टिसोल असंतुलित है तो आप कितनी भी मेहनत कर ले वह सारी बेअसर है।
आपको पहले इन सभी को बैलेंस करना होगा। फिर वजन घटाने के लिए बेहतर लाइफस्टाइल, Nutrients रिच फूड और स्ट्रेस मैनेजमेंट का सहारा ले. तभी आपको अच्छे फायदे देखने को मिलेंगे।
यह भी पढ़े
- Nari Sondarya Malt के फायदे , कीमत और उपयोग
- MTP Kit क्या है : उपयोग विधि और साइड इफेक्ट्स
- Sachi Saheli Tonic : फायदे और उपयोग
- Oziva HerBalance के फायदे और नुकसान